केदारनाथ धाम की यात्रा को सुरक्षित और सुचारु बनाने के लिए पुलिस प्रशासन ने साइबर अपराधियों के खिलाफ बड़ा अभियान चलाया है। रुद्रप्रयाग की पुलिस अधीक्षक नीहारिका तोमर के निर्देशन में गठित साइबर फ्रॉड कम्बैट फोर्स ने ठगों के खिलाफ व्यापक कार्रवाई करते हुए उल्लेखनीय सफलता हासिल की है।
यात्रा शुरू होने से पहले ही साइबर ठगी पर लगाम कसते हुए टीम ने अब तक कुल 471 संदिग्ध माध्यमों पर प्रभावी कार्रवाई की है। इनमें 205 फर्जी फेसबुक पेज बंद कराए गए हैं, जबकि 16 संदिग्ध इंस्टाग्राम खातों को ब्लॉक करने के लिए रिपोर्ट किया गया है। इसके अलावा ठगी में इस्तेमाल हो रहे 164 मोबाइल नंबर (व्हाट्सएप सहित) बंद कराए गए हैं और 34 संदिग्ध वेबसाइट्स को डोमेन रजिस्ट्रार के माध्यम से निष्क्रिय कराया गया है।
पुलिस ने ठगों के एक बैंक खाते को तत्काल ‘डेबिट फ्रीज’ किया है, जबकि अन्य संदिग्ध खातों पर कार्रवाई की प्रक्रिया जारी है। इस अभियान का उद्देश्य श्रद्धालुओं को साइबर ठगी से बचाना और यात्रा को सुरक्षित बनाना है।
पुलिस प्रशासन ने श्रद्धालुओं से अपील की है कि हेली सेवाओं की बुकिंग केवल एकमात्र आधिकारिक वेबसाइट से ही करें: https://www.heliyatra.irctc.co.in/
के माध्यम से ही करें और किसी भी अनजान लिंक, फेसबुक विज्ञापन या व्हाट्सएप संदेश के झांसे में न आएं। अनधिकृत माध्यमों से बुकिंग करना जोखिम भरा हो सकता है।
साथ ही, यदि कोई व्यक्ति साइबर ठगी का शिकार होता है, तो वह बिना देरी किए राष्ट्रीय साइबर हेल्पलाइन नंबर 1930 पर संपर्क करे।
चारधाम यात्रा के मद्देनजर पुलिस की यह सख्ती श्रद्धालुओं की सुरक्षा सुनिश्चित करने और ठगों पर अंकुश लगाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम मानी जा रही है।
