भारतीय युवा कांग्रेस की राष्ट्रीय महासचिव एवं उत्तराखंड प्रभारी सुरभि द्विवेदी और राष्ट्रीय सचिव हरनीत कौर ने कहा कि अंकिता भंडारी हत्याकांड उत्तराखंड की जनता की अंतरात्मा को झकझोर देने वाला मामला है। यह केवल एक आपराधिक घटना नहीं, बल्कि महिलाओं की सुरक्षा, सत्ता के संरक्षण और प्रशासनिक जवाबदेही पर गंभीर सवाल खड़े करता है।
कांग्रेस भवन में आयोजित प्रेस वार्ता को संबोधित करते हुए उन्होंने कहा कि इस प्रकरण में शुरू से ही जांच की दिशा संदिग्ध रही है और पीड़िता के परिजनों को न्याय के लिए लगातार संघर्ष करना पड़ा है। आरोप लगाया गया कि प्रभावशाली लोगों को बचाने के प्रयास में साक्ष्यों, प्रक्रियाओं और पीड़ित परिवार की आवाज़ को दबाने की कोशिश की गई।
सुश्री सुरभि द्विवेदी ने कहा कि यह अत्यंत चिंताजनक है कि पीड़िता के माता-पिता की शिकायत के बजाय एक तृतीय पक्ष की शिकायत को आधार बनाकर सीबीआई जांच की प्रक्रिया आगे बढ़ाई गई। यह प्राकृतिक न्याय के सिद्धांतों के विपरीत है और इससे यह संदेह और गहराता है कि पीड़ित परिवार को जानबूझकर हाशिये पर रखा गया।
उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि जिस रिसॉर्ट में अंकिता कार्यरत थीं, वहां स्थित उनका कमरा राज्य सरकार की एजेंसियों द्वारा जल्दबाजी में ध्वस्त कर दिया गया। सरकार ने इसे अवैध निर्माण हटाने की कार्रवाई बताया, लेकिन युवा कांग्रेस का कहना है कि यह कदम महत्वपूर्ण साक्ष्यों को नष्ट करने और जांच को प्रभावित करने की मंशा से उठाया गया प्रतीत होता है। यदि सरकार की नीयत साफ होती, तो पहले उस स्थान को सील कर फॉरेंसिक और न्यायिक प्रक्रिया पूरी की जाती।
प्रेस वार्ता में यह भी कहा गया कि तत्कालीन मुख्यमंत्री द्वारा पूर्व में महिलाओं को लेकर दिए गए असंवेदनशील बयानों से सत्ता में बैठे लोगों की महिलाओं की गरिमा और सुरक्षा के प्रति सोच उजागर होती है, जिसका असर गंभीर मामलों की निष्पक्ष जांच पर भी पड़ता है।
इस दौरान भारतीय युवा कांग्रेस द्वारा #मैंभीअंकिता अभियान की औपचारिक शुरुआत की गई। यह अभियान महिलाओं द्वारा सोशल मीडिया के माध्यम से चलाया जाएगा, जिसका उद्देश्य अंकिता भंडारी को न्याय दिलाने की लड़ाई को जन-जन तक पहुँचाना और महिलाओं के खिलाफ हो रहे अन्याय के विरुद्ध सामूहिक आवाज़ बुलंद करना है।
सुरभि द्विवेदी ने कहा कि यह अभियान केवल सोशल मीडिया ट्रेंड नहीं, बल्कि एक सामाजिक आंदोलन है, जो सरकार पर नैतिक और राजनीतिक दबाव बनाएगा ताकि सीबीआई जांच निष्पक्ष, पारदर्शी और समयबद्ध ढंग से पूरी हो। उन्होंने स्पष्ट किया कि जब तक दोषियों को सजा नहीं मिलती, युवा कांग्रेस का संघर्ष जारी रहेगा।
प्रेस वार्ता में प्रदेश मीडिया चेयरमैन देवेश उनियाल, उपाध्यक्ष सौरभ ममगाईं, स्वाति नेगी और महानगर अध्यक्ष मोहित मेहता भी उपस्थित रहे। युवा कांग्रेस ने सरकार से मांग की कि जांच एजेंसियों की जवाबदेही तय की जाए, साक्ष्यों से छेड़छाड़ करने वालों पर कार्रवाई हो और भविष्य में किसी भी बेटी को न्याय के लिए भटकना न पड़े।
