पवित्र बदरीनाथ धाम के समीप बामणी गांव में पारंपरिक आस्था और उल्लास के साथ नंदा महोत्सव का आयोजन किया गया। इस अवसर पर पूरे गांव में भक्ति और श्रद्धा का माहौल छाया रहा।
महोत्सव के अवसर पर आज फुलारी (फूल लेने गए भक्त) नीलकंठ पर्वत क्षेत्र से ब्रह्म कमल लेकर गांव लौटे। ग्रामीणों ने मां नंदा की विशेष पूजा अर्चना की और उसके बाद बदरीनाथ मंदिर में भी विधिवत पूजा संपन्न की गई।
महोत्सव के दौरान ग्रामीणों और श्रद्धालुओं ने पारंपरिक गीतों और नृत्यों के माध्यम से अपनी आस्था व्यक्त की। स्थानीय लोगों का मानना है कि मां नंदा की पूजा से गांव और क्षेत्र में सुख-समृद्धि एवं शांति बनी रहती है।
धार्मिक आस्था और लोक परंपराओं का संगम बने इस अवसर पर क्षेत्र में श्रद्धालुओं की भीड़ उमड़ी और वातावरण भक्ति एवं उल्लास से सराबोर हो गया।
