Uttarakhand,  सशस्त्र सेना झंडा दिवस पर सवाड़ में सीएम धामी का किया स्वागत, क्षेत्र के विकास को मिली कई बड़ी सौगातें

चमोली जनपद के सवाड़ गांव में शुक्रवार को सशस्त्र सेना झंडा दिवस के अवसर पर आयोजित विशेष समारोह में मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने प्रतिभाग किया। सवाड़ पहुंचने पर क्षेत्रवासियों, पूर्व सैनिकों और उनके परिजनों ने मुख्यमंत्री का गर्मजोशी से स्वागत किया। कार्यक्रम में मुख्यमंत्री ने क्षेत्र के विकास और सैनिकों के सम्मान से जुड़ी कई महत्वपूर्ण घोषणाएं कीं।

अमर शहीद सैनिक मेला को मिलेगा राजकीय दर्जा

सीएम धामी ने घोषणा की कि ग्वालदम–देवाल–वाण मोटर मार्ग को नंदा देवी राजजात के आयोजन के उपरांत बीआरओ को हस्तांतरित करने की प्रक्रिया शुरू की जाएगी, जिससे सड़क का बेहतर और तेज रखरखाव सुनिश्चित हो सकेगा।

इसी के साथ उन्होंने लंबे समय से लंबित मांग को पूरा करते हुए अमर शहीद सैनिक मेला सवाड़ को राजकीय मेला का दर्जा देने की घोषणा की। उन्होंने कहा कि यह मेला सैनिक सम्मान की अनूठी परंपरा और वीरभूमि की पहचान है।

मुख्यमंत्री ने बताया कि रामपुर तोर्ती को कुमाऊं से जोड़ने वाली सड़क का निर्माण सरकार की प्राथमिकता में शामिल है। वहीं थराली के तलवाड़ी और नंदानगर के लांखी में मिनी स्टेडियम निर्माण को स्वीकृति भी दी जा चुकी है, जिससे युवाओं को खेल सुविधाएं और अवसर मिल सकेंगे।

वीर शहीदों को श्रद्धांजलि, सैनिक स्मृति संग्रहालय का अवलोकन

कार्यक्रम के दौरान मुख्यमंत्री धामी ने सैनिक स्मृति संग्रहालय का अवलोकन किया और राष्ट्र की रक्षा में सर्वोच्च बलिदान देने वाले वीर सपूतों को भावपूर्ण श्रद्धांजलि दी। उन्होंने कहा कि सवाड़ की धरती देशभक्ति, साहस और समर्पण का प्रतीक रही है।

उन्होंने भावुक होते हुए कहा, मैं स्वयं सैनिक परिवार से आता हूँ। यहां पहुंचकर अपने पिता द्वारा सुनाई गई वीरगाथाएँ मन में ताजा हो गईं। सवाड़ गांव के वीर जवानों ने रक्षा के लिए जो अद्वितीय त्याग किया है, उसकी पहचान पूरे देश में है।”

भारत रक्षा क्षेत्र में आत्मनिर्भर, ‘ऑपरेशन सिंदूर’ का उदाहरण

मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में भारत ने रक्षा क्षेत्र में ऐतिहासिक उपलब्धियां दर्ज की हैं।
जहाँ कभी भारत रक्षा उपकरणों के लिए विदेशों पर निर्भर था, वहीं आज देश कई प्रमुख हथियारों का निर्यात करने वाले अग्रणी राष्ट्रों में शामिल हो गया है।

उन्होंने ऑपरेशन सिंदूर’ का उल्लेख करते हुए कहा कि भारत की सामरिक क्षमता और स्वदेशी हथियारों ने विश्व मंच पर देश की प्रतिष्ठा को और ऊँचा किया है।

यूसीसी लागू करने वाला पहला राज्य उत्तराखंड

सामाजिक चुनौतियों पर बात करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार देवभूमि की सांस्कृतिक पहचान को सुरक्षित रखने के लिए दृढ़ संकल्पित है। उन्होंने कहा,उत्तराखण्ड देश का पहला राज्य है जिसने समान नागरिक संहिता (यूसीसी) को व्यावहारिक रूप से लागू किया है। यह समाज में समरसता और न्याय स्थापित करने की दिशा में बड़ा कदम है।

कार्यक्रम में बड़ी संख्या में लोग उपस्थित

इस अवसर पर विधायक थराली भूपाल राम टम्टा, जिला अधिकारी गौरव कुमार, पुलिस अधीक्षक सुरजीत सिंह पंवार, वरिष्ठ नागरिक कल्याण परिषद अध्यक्ष रामचन्द्र गौड़, उपाध्यक्ष हरक सिंह नेगी, मेळा समिति सवाड़ के अध्यक्ष आलम सिंह बिष्ट सहित बड़ी संख्या में स्थानीय लोग उपस्थित रहे।

लागू करने वाला पहला राज्य उत्तराखण्ड

सामाजिक चुनौतियों पर बात करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार देवभूमि की सांस्कृतिक पहचान को सुरक्षित रखने के लिए दृढ़ संकल्पित है। उन्होंने कहा कि उत्तराखण्ड देश का पहला राज्य है जिसने समान नागरिक संहिता (यूसीसी) को व्यावहारिक रूप से लागू किया है। यह समाज में समरसता और न्याय स्थापित करने की दिशा में बड़ा कदम है।

कार्यक्रम में बड़ी संख्या में लोग उपस्थित

इस अवसर पर विधायक थराली भूपाल राम टम्टा, जिला अधिकारी गौरव कुमार, पुलिस अधीक्षक सुरजीत सिंह पंवार, वरिष्ठ नागरिक कल्याण परिषद अध्यक्ष रामचन्द्र गौड़, उपाध्यक्ष हरक सिंह नेगी, मेला समिति सवाड़ के अध्यक्ष आलम सिंह बिष्ट सहित बड़ी संख्या में स्थानीय लोग उपस्थित रहे।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *