आगामी अप्रैल माह में होने वाले विशेष गहन पुनरीक्षण को लेकर मुख्य निर्वाचन अधिकारी डॉ. बीवीआरसी पुरुषोत्तम ने सचिवालय में सभी जिलाधिकारियों के साथ वीडियो कॉन्फ्रेंस के माध्यम से तैयारियों की समीक्षा की। बैठक के दौरान कम मैपिंग वाले जनपदों पर उन्होंने कड़ी नाराजगी जताते हुए संबंधित निर्वाचन रजिस्ट्रीकरण अधिकारियों (ईआरओ) को नोटिस जारी करने के निर्देश दिए।
सीईओ ने शहरी और ग्रामीण क्षेत्रों के लिए अलग-अलग एक्शन प्लान तैयार करने के निर्देश दिए। उन्होंने बताया कि प्रदेश में अब तक 87 प्रतिशत मतदाताओं की मैपिंग पूरी हो चुकी है, लेकिन देहरादून, ऊधमसिंह नगर और नैनीताल जिलों में प्रगति अपेक्षाकृत धीमी है।
उन्होंने निर्देश दिए कि शहरी क्षेत्रों में एसआईआर के कार्य के लिए नगर निगम के अधिकारियों और कर्मचारियों की तैनाती की जाए। साथ ही बूथ लेवल अधिकारियों (बीएलओ) के प्रशिक्षण कार्यक्रमों को लगातार जारी रखने को कहा गया।
सीईओ ने जिलाधिकारियों को दिए ये निर्देश
सीईओ ने सभी जिलाधिकारियों को निर्देश दिए कि एसआईआर से पहले प्रत्येक बूथ पर शत-प्रतिशत बूथ लेवल एजेंट्स की नियुक्ति सुनिश्चित की जाए। इसके लिए राजनीतिक दलों के साथ बैठक आयोजित करने को भी कहा गया है।
उन्होंने यह भी निर्देशित किया कि सभी जनपद गणना प्रपत्र के वितरण की विस्तृत योजना तैयार करें, ताकि समयबद्ध तरीके से फार्म वितरण की प्रक्रिया पूरी की जा सके।
बैठक में उपस्थिति
बैठक में अपर मुख्य निर्वाचन अधिकारी डॉ. विजय कुमार जोगदंडे, उप मुख्य निर्वाचन अधिकारी किशन सिंह नेगी, सहायक मुख्य निर्वाचन अधिकारी मस्तू दास सहित सभी जनपदों के जिलाधिकारी वर्चुअल माध्यम से जुड़े रहे।
