हरिद्वार पुलिस ने करीब 10 दिन पहले चोरी हुई चार माह की मासूम बच्ची को सकुशल बरामद कर उसके परिजनों को सौंप दिया। बच्ची की तलाश में पुलिस टीम ने हरिद्वार से पश्चिम बंगाल के हावड़ा तक लंबा सफर तय किया। इस कार्रवाई को पुलिस की बड़ी सफलता माना जा रहा है।
पेड़ के नीचे सो रहे परिवार के बीच से उठा ले गए थे चोर
घटना उस समय हुई थी जब एक परिवार पेड़ के नीचे सो रहा था। इसी दौरान अज्ञात चोर चार माह की बच्ची को अपने साथ ले गए। मामले की सूचना मिलते ही पुलिस ने मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू कर दी थी।
कप्तान नवनीत सिंह के नेतृत्व में चली विशेष तलाश अभियान
एसएसपी नवनीत सिंह के निर्देशन में गठित पुलिस टीम ने बच्ची की तलाश के लिए लगातार अभियान चलाया। कनखल और पिरान कलियर क्षेत्र में हुई पूर्व घटनाओं के बाद यह मामला भी पुलिस के लिए बड़ी चुनौती बना हुआ था, लेकिन टीम ने लगातार प्रयास जारी रखे।
धामपुर तक मिला सुराग, फिर नए सिरे से शुरू की जांच
जांच के दौरान पुलिस को आरोपियों का सुराग धामपुर तक मिला था। इसके बाद सुराग टूट जाने पर पुलिस को जांच नए सिरे से शुरू करनी पड़ी। तकनीकी साक्ष्यों और मुखबिर तंत्र की मदद से पुलिस ने आरोपियों की गतिविधियों का पता लगाया।
दंपत्ति और उसके परिचित ने रची थी बच्ची चोरी की साजिश
पुलिस जांच में सामने आया कि एक दंपत्ति ने अपने परिचित के साथ मिलकर मासूम बच्ची के अपहरण की साजिश रची थी। आरोपियों ने चार माह की बच्ची को चोरी कर पश्चिम बंगाल ले जाने की योजना बनाई थी।
तीन लाख रुपये में लड़का दिलाने का हुआ था सौदा
पुलिस के अनुसार, आरोपियों का तीन लाख रुपये में एक लड़का उपलब्ध कराने का सौदा हुआ था। हालांकि गलती से दंपत्ति लड़के की जगह बच्ची को उठा ले गया। बाद में बच्ची को अपने कब्जे में रखकर उसे दूसरे राज्य ले जाया गया।
हरिद्वार से हावड़ा पहुंची पुलिस टीम ने सकुशल किया रिकवर
लगातार प्रयास, सूझबूझ और समर्पण के बल पर हरिद्वार पुलिस की टीम हावड़ा पहुंची और बच्ची को सकुशल बरामद कर लिया। इसके बाद उसे सुरक्षित हरिद्वार लाकर परिजनों के सुपुर्द कर दिया गया।
आमजन ने की पुलिस की कार्यशैली की सराहना
इस सफल कार्रवाई के बाद आमजन ने एसएसपी नवनीत सिंह और हरिद्वार पुलिस की मेहनती, संवेदनशील एवं परिणामोन्मुख कार्यशैली की सराहना की है। लोगों ने इसे जनविश्वास, त्वरित कार्रवाई और उत्कृष्ट पुलिसिंग का एक और सफल उदाहरण बताया है।
